लखनऊ, 10 अप्रैल  मनोज सिंह योगी आदित्यनाथ के चहेते अफसरों में से एक हैं. योगी ने मनोज को समाज कल्याण प्रमुख सचिव , निदेशक जनजाति विकास , प्रमुख सचिव अल्पसंख्यक कल्याण और मुस्लिम वक्फ विभाग के साथ-साथ कई अन्य महत्वपूर्ण पदों की जिम्मेदारी सौंप रखी है. लखनऊ की एक्टिविस्ट उर्वशी शर्मा ने योगी की आँख के तारे इस अफसर को देश के भ्रष्टतम आई.ए.एस. अफसरों में से एक बताते हुए सूबे के लोकायुक्त को मनोज के भ्रष्टाचार के प्रमाणों सहित शिकायत भेजी है और कार्यवाही की मांग की है.

बताते चलें कि समाजसेविका उर्वशी ने बीते फरवरी महीने में भी लोकायुक्त में मनोज सिंह के खिलाफ शिकायत की थी जो 200/2019 नंबर पर दर्ज है. उर्वशी ने बताया कि उनकी इस शिकायत पर जांच चल रही है और इसी बीच उनको मनोज सिंह के भ्रष्टाचार के कुछ नए कारनामे पता चले हैं जिनकी जानकारी लोकायुक्त को लिखित में दी गई है.

बकौल उर्वशी मनोज सिंह एक रैकेट चला रहा है जिसमें आपराधिक मामलों में फंसे लोकसेवकों को ब्लैकमेल किया जा रहा है. पैसा दे देने पर ऐसे लोकसेवकों को सरकारी लाभ गलत ढंग से भी दे दिए जा रहे हैं और पैसा न देने पर उनको पदों से हटाया जा रहा है.

आई.ए.एस. अधिकारी मनोज सिंह को आदतन एक महाभ्रष्ट अधिकारी बताते हुए उर्वशी ने मनोज सिंह पर क्षेत्राधिकार से परे जाकर अपने चहेते ठेकेदार को टेंडर देने का आरोप भी लोकायुक्त को दी शिकायत में लगाया है. उर्वशी ने बताया कि उन्होंने अपनी शिकायत में मनोज के खिलाफ लगाए गए आरोपों के समर्थन में 6 प्रमाण भी लोकायुक्त को दिए हैं और मनोज के खिलाफ जांच करके कड़ी कार्यवाही की मांग की है.