बाराबंकी/लखनऊ,| दबंग व अपनी पहुंच के चलते शासन प्रशासन की आँख के नीचे खुलेआम अवैध खनन कर जहाँ हजारो डम्फर मिट्टी से सरकारी जमीन को पाट कर कब्जा किया जा रहा वही एक झोपड़ी बनाकर रह रहा गरीब को उजाड़ने की कोशिश जारी है दर्जनों शिकायत के बाद भी प्रशासन कार्यवाही से बचता दिख रहा है। प्राप्त विवरण के मुताबिक भिटरिया हैदरगढ़ मार्ग बनीकोडर ग्राम के जेठबनी ग्राम अंतर्गत तिरुपति फिलिग सेंटर के मालिक द्वारा शासन प्रशासन के आंखों के सामने खुलेआम अवैध रूप से रात्रि में हजारों डम्फर मिट्टी खनन कर तालाबनुमा भूमि को पाट लिया गया। यही नही गाटा संख्या 244 जो सरकारी अभिलेखों में बंजर भूमि दर्ज है उसको भी पाट लिया गया है। इस सम्बंध में साबिर अली पुत्र रहमत अली द्वारा दिये गए शिकायती पत्र में कहा है कि अखिलेश चतुर्वेदी आदि द्वारा उक्त गाटे को कब्जा करने की नियत से उसकी झोपड़ी को हटाने व मारने की नियत से आये किन्तु अपने लड़के ताज को लेकर भाग निकले। उक्त लोगो द्वारा अरसा एक वर्ष से लगातार गरीब को हटाने व जमीन पर कब्जा को लेकर काफी परेशान है क्यों कि जिस भूमि पर वह गरीब रह रहा है वह बेशकीमती जमीन है। इसीलिए अपनी पहुंच के चलते कब्जा कर रहे है। इस सम्बंध में ग्राम प्रधान व पीड़ित साबिर अली के शिकायती पत्र पर जिलाधिकारी व मुख्यमंत्री के आदेश पर गाटा संख्या 244 सरकारी भूमि की राजस्व विभाग व तहसीलदार व पुलिस द्वारा पैमाइश करा कर चिन्हित कर खाली करा दिया गया था। किन्तु उसके बाद भी मिट्टी खनन करके कब्जा किया जा रहा है आश्चर्यजनक तो यह है कि अगर कोई एक दो ट्राली मिट्टी अपने निजी कार्य के लिए खनन करता है तो पुलिस व राजस्व विभाग तुरन्त कार्यवाही करने से नही चूकते नियमो का हवाला दिया जाता है जबकि हजारो डम्फर अवैध मिट्टी खनन की गई और रात्रि में कई जा रही परन्तु जिम्मेदार खनन विभाग व राजस्व पुलिस को यह नही दिखाई पड़ रहा। पीड़ित साबिर अली ने उच्चाधिकारियों से जांच व कार्यवाही किये जाने की मांग की है।