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कोलकाता। आमतौर पर इस राज्य में कई वर्षों से माध्यमिक परीक्षा परिणाम टॉप 10 की सूची में में लड़कियों का ही दबदबा देखा जाता रहा है लेकिन इस बार ऐसा नही हो सका। पश्चिम बंगाल माध्यमिक परीक्षा के परीक्षा परिणाम में टॉप 10 छात्रों में जिलों और लड़कों की दबदबा रहा। टॉप 10 की सूची में आये 51 विद्यार्थियों में इस परीक्षा में लड़कियों की संख्या लड़कों की अपेक्षा अधिक रही तथा कोलकाता का मात्र एक विद्यार्थी ही इस सूची में अपना स्थान प्राप्त कर सका।

पूर्व मेदिनीपुर के भगवानपुर के मोहम्मदपुर देशप्राण विद्यापीठ का छात्र सौगत दास 700 अंकों में 694 अंक हासिल कर पूरे राज्य में प्रथम स्थान प्राप्त किया, जबकि अलीपुरद्आर के फालाकाटा गर्ल्स हाईस्कूल की श्रेयासी पाल और कूचबिहार जिले के इला देवी गर्ल्स हाईस्कूल की देवास्मिता साहा 691 अंक हासिल कर संयुक्त रूप से दूसरा स्थान प्राप्त किया, जबकि 689 अंक हासिल कर उत्तर दिनाजपुर के रायगंज गर्ल्स हाईस्कूल के कमेलिया राय तथा नदिया जिले के शांतिपुर म्युनिस्पिल हाईस्कूल के ब्रतिन मंडल ने 689 अंक हासिल कर संयुक्त रूप से तीसरा स्थान हासिल किया. शिक्षा बोर्ड की ओर से आज परीक्षा के नतीजे घोषित किये गये. इस साल माध्यमिक परीक्षा के नतीजे 86.07 प्रतिशत रहे. परीक्षा के नतीजों में टॉप 10 की सूची में जिलों के छात्र-छात्राओं ने बाजी मारी है.

माध्यमिक में इस बार रेग्युलर, सीसी व कम्पार्टमेंटल मिलाकर कुल 10,50,397 परीक्षार्थी बैठे. इनमें से परीक्षा में बैठने वाली लड़कियों की संख्या लड़कों की अपेक्षा 12.56 प्रतिशत अधिक रही. माध्यमिक में इस बार 5,911,79 लड़कियां व 4,59,218 लड़के परीक्षा में बैठे. परीक्षा में लड़कों का लड़कियों का पास प्रतिशत इसकी घोषणा करते हुए बोर्ड के अध्यक्ष कल्याणमय गांगुली ने बताया कि परीक्षा में बैठने वाली लड़कियों की संख्या अधिक रही. इस परीक्षा में सबसे अधिक पास प्रतिशत पूर्व पूर्व मेदिनीपुर जिले रहा. परीक्षा 12 फरवरी से शुरु होकर 22 फरवरी को समाप्त की गयी. नियनानुसार परीक्षा खत्म होने के 90 दिनों के अंदर नतीजे घोषित किये जाने चाहिए. गत वर्ष 6 जून को परीक्षा के नतीजे घोषित किये गये थे.

बता दे कि माध्यमिक में गुजरे साल 2018 में कुल 85.49 प्रतिशत विद्यार्थी पास हुए थें। वहीं संजीविनी देबनाथ ने टॉप किया था.दूसरे स्थान पर सरशेंदु साहा और तीसरे स्थान पर संयुक्त रूप से मयूराक्षी साहा, निलाबजा दास और मृणमोय मंडल रहे । उक्त साल राज्य में ईस्ट मिदनापुर जिले का प्रदर्शन सबसे अच्छा रहा । यहां 96.13 प्रतिशत विद्यार्थी पास हुए थे। इसके बाद वेस्ट मिदनापुर दूसरे और कोलकाता तीसरे स्थान पर था। इस वर्ष 11 लाख से अधिक स्टूडेंट्स ने इस परीक्षा में हिस्सा लिया था। इनमें से 8,99,564 विद्यार्थी पास हुए हैं। इस बार छात्रों से ज्यादा छात्राएं थीं। पिछले वर्ष वेस्ट बंगाल माध्यमिक रिजल्ट 27 मई को घोषित किए गए थे। 2017 में वेस्ट बंगाल माध्यमिक परीक्षा का रिजल्ट 82.98% रहा था। लड़कों का पास प्रतिशत 86.34 और लड़कियों का 79.62 रहा था।